आकाश चोपड़ा बोले, भारत को WTC फाइनल में खल रही भुवनेश्वर कुमार की कमी


भुवनेश्वर कुमार को देश के सबसे बेहतरीन स्विंग गेंदबाजों में गिना जाता है. (Instagram)

वर्षा बाधित वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल (WTC Final) में भारतीय टीम के गेंदबाज खास प्रभावित नहीं कर सके हैं. पूर्व भारतीय ओपनर आकाश चोपड़ा (Aakash Chopra) ने कहा है कि भारतीय टीम को साउथैंप्टन में स्विंग के उस्ताद पेसर भुवनेश्वर कुमार (Bhuvneshwar Kumar) की कमी खल रही है.

नई दिल्ली. भारत और न्यूजीलैंड के बीच जारी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में मौसम ने काफी परेशान किया है और चार में से दो दिन का खेल तो बिना कोई गेंद फेंके ही रद्द हो गया. भारतीय टीम के गेंदबाज भी इस दौरान खास प्रभावित नहीं कर सके हैं और उन्हें अभी तक दो ही विकेट मिले हैं. ऐसे में पूर्व भारतीय क्रिकेटर और कमेंटेटर आकाश चोपड़ा (Aakash Chopra) ने कहा है कि टीम इंडिया को इस ऐतिहासिक फाइनल मुकाबले में स्विंग कराने में माहिर गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार (Bhuvneshwar Kumar) की कमी खल रही है.

डब्ल्यूटीसी फाइनल में कॉमेंट्री कर रहे आकाश चोपड़ा को लगता है कि टीम ने भुवनेश्वर कुमार को जाहिर तौर पर मिस कर रही है. 31 वर्षीय भुवी को देश में स्विंग के सबसे अच्छे गेंदबाजों में गिना जाता है. उनके पास गेंद को दोनों तरफ से शानदार तरीके से स्विंग करने की काबिलियत है. चोपड़ा को लगता है कि भुवनेश्वर साउथैम्प्टन में बेहतरीन साबित हो सकते थे और कीवी बल्लेबाजों को परेशान करने में सफल होते.

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चौथे दिन का खेल पूरी तरह बारिश से धुलने के साथ डब्ल्यूटीसी फाइनल में न्यूजीलैंड ने 2 विकेट खोकर 101 रन बनाए हैं. भारत की पहली पारी 217 रन पर सिमटी थी. अब पूरी उम्मीद है कि यह मैच रिजर्व डे यानी 6 दिनों तक खेला जाएगा. अपने यूट्यूब चैनल पर वीडियो में पूर्व ओपनर चोपड़ा ने कहा, ‘भारत निश्चित रूप से भुवनेश्वर कुमार को मिस कर रहा है. उनके तीन विशेष पहलू भी हैं. सबसे पहले, वह नई गेंद से जादू करते हैं. दूसरे, वह लंबे स्पैल करते हैं और तीसरी बात यह है कि वह बल्लेबाजी भी कर सकते हैं. वह टीम इंडिया के लिए सब कुछ कर सकते थे.’43 वर्षीय कमेंटेटर ने न्यूजीलैंड के गेंदबाजों की तुलना भारत के तेज गेंदबाजों से भी की कि कैसे वे अच्छे एक्शन के कारण गेंद को लगातार स्विंग करा सकते हैं. उन्होंने कहा कि कीवी गेंदबाजों में कोलिन डि ग्रैंडहोम ने अन्य चार गेंदबाजों की तुलना में सबसे अधिक इनस्विंगर और आउटस्विंगर फेंके. चोपड़ा को भी लगा कि केवल इशांत शर्मा ही गेंद को थोड़ा स्विंग करा सकते हैं और बुमराह और शमी को कुछ नहीं मिला.

उन्होंने कहा, ‘स्विंग की स्थिति का उपयोग तभी किया जा सकता है, जब गेंद आपके हाथ से निकल जाए. हमने देखा कि ग्रैंडहोम को काफी स्विंग मिल रही थी तो साउथी, जेमिसन भी कहीं करीब हैं लेकिन शमी और बुमराह गेंद को स्विंग नहीं करते, वे सीम गेंदबाज हैं.’







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